International Peer-Reviewed JournalOpen AccessISSN 2456-8880
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1718239PublishedVol 8 · Issue 10

बिहार में गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा का सामाजिक-आर्थिक विश्लेषण

डॉ. नन्दन कुमारी झा

Subject area: Science,Engineering and Technology  ·  Area of research: गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा

DOI: https://doi.org/10.64388/IREV8I10-1718239

Abstract

गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा समकालीन विश्व की अत्यंत गंभीर सामाजिक-आर्थिक समस्याओं में से हैं। विशेष रूप से विकासशील देशों में इन समस्याओं का प्रभाव समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों पर अधिक दिखाई देता है। भारत जैसे विशाल जनसंख्या वाले देश में आर्थिक विकास के बावजूद आज भी बड़ी संख्या में लोग गरीबी, बेरोजगारी, कुपोषण तथा खाद्य असुरक्षा से प्रभावित हैं। भारत के विभिन्न राज्यों में बिहार एक ऐसा राज्य है जहाँ सामाजिक एवं आर्थिक पिछड़ापन अपेक्षाकृत अधिक दिखाई देता है। राज्य की बड़ी आबादी ग्रामीण क्षेत्रों में निवास करती है तथा उनकी आजीविका मुख्यतः कृषि एवं असंगठित श्रम पर आधारित है। सीमित औद्योगिक विकास, बढ़ती जनसंख्या, बेरोजगारी, निम्न आय, अशिक्षा तथा संसाधनों के असमान वितरण जैसी परिस्थितियों ने बिहार में गरीबी एवं खाद्य असुरक्षा की समस्या को और अधिक जटिल बना दिया है। बिहार में गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा की वर्तमान स्थिति का सामाजिक एवं आर्थिक दृष्टिकोण से विस्तृत विश्लेषण किया गया है। अध्ययन में गरीबी की अवधारणा, उसके विभिन्न स्वरूपों, गरीबी के प्रमुख कारणों तथा खाद्य सुरक्षा के महत्व का विश्लेषणात्मक अध्ययन प्रस्तुत किया गया है। इसके अतिरिक्त बिहार में ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों की आर्थिक असमानताओं, कृषि आधारित अर्थव्यवस्था, बेरोजगारी, प्रवासन, कुपोषण तथा सामाजिक वंचना जैसी समस्याओं का भी विस्तृत विवेचन किया गया है। शोध के अंतर्गत सार्वजनिक वितरण प्रणाली, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, अंत्योदय अन्न योजना, महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा), मध्याह्न भोजन योजना तथा प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना जैसी विभिन्न सरकारी योजनाओं की भूमिका का अध्ययन किया गया है। इन योजनाओं के माध्यम से सरकार द्वारा गरीब एवं कमजोर वर्गों को खाद्य सुरक्षा प्रदान करने तथा उनके जीवन स्तर में सुधार लाने का प्रयास किया गया है। अध्ययन में यह पाया गया कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली एवं अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं ने गरीब परिवारों को आंशिक राहत प्रदान की है तथा खाद्यान्न की उपलब्धता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। अध्ययन से यह स्पष्ट होता है कि बिहार में गरीबी एवं खाद्य असुरक्षा की समस्या केवल आर्थिक नहीं बल्कि सामाजिक एवं संरचनात्मक भी है। बेरोजगारी, अशिक्षा, कृषि पर अत्यधिक निर्भरता, प्राकृतिक आपदाएँ, प्रशासनिक भ्रष्टाचार, सामाजिक असमानताएँ तथा संसाधनों का असमान वितरण गरीबी को बढ़ावा देने वाले प्रमुख कारक हैं। विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोग आज भी पर्याप्त भोजन, स्वास्थ्य सेवाओं तथा शिक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। महिलाओं एवं बच्चों में कुपोषण की समस्या भी गंभीर रूप से विद्यमान है। शोध में यह भी पाया गया कि डिजिटलीकरण, आधार आधारित प्रमाणीकरण तथा वन नेशन वन राशन कार्ड जैसी योजनाओं ने खाद्य वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी एवं उत्तरदायी बनाने में सहायता की है। इसके बावजूद तकनीकी समस्याएँ, लाभार्थियों की पहचान में त्रुटियाँ, खाद्यान्न वितरण में अनियमितता तथा भ्रष्टाचार जैसी चुनौतियाँ अब भी बनी हुई हैं। अंततः शोध में यह निष्कर्ष निकाला गया है कि बिहार में गरीबी एवं खाद्य असुरक्षा की समस्या के समाधान के लिए केवल खाद्यान्न वितरण पर्याप्त नहीं है। इसके लिए समावेशी आर्थिक विकास, रोजगार सृजन, कृषि सुधार, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार, महिला सशक्तिकरण तथा प्रभावी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का समन्वित क्रियान्वयन आवश्यक है। यदि सरकार, प्रशासन एवं समाज मिलकर दीर्घकालिक एवं प्रभावी नीतियों को लागू करें, तो बिहार में गरीबी एवं खाद्य असुरक्षा की समस्या को काफी हद तक कम किया जा सकता है तथा राज्य के सामाजिक एवं आर्थिक विकास को नई दिशा प्रदान की जा सकती है।

Keywords

गरीबी, खाद्य सुरक्षा, बिहार, सामाजिक-आर्थिक विकास, कुपोषण, सार्वजनिक वितरण प्रणाली, ग्रामीण विकास, बेरोजगारी

How to cite this paper

डॉ. नन्दन कुमारी झा "बिहार में गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा का सामाजिक-आर्थिक विश्लेषण" Iconic Research And Engineering Journals Volume 8 Issue 10 2025 Page 1913-1929 https://doi.org/10.64388/IREV8I10-1718239
डॉ. नन्दन कुमारी झा "बिहार में गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा का सामाजिक-आर्थिक विश्लेषण" Iconic Research And Engineering Journals, vol. 8, no. 10, Apr. 2025, doi: https://doi.org/10.64388/IREV8I10-1718239
डॉ. नन्दन कुमारी झा (2025). बिहार में गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा का सामाजिक-आर्थिक विश्लेषण. Iconic Research And Engineering Journals, 8(10). doi: https://doi.org/10.64388/IREV8I10-1718239
डॉ. नन्दन कुमारी झा "बिहार में गरीबी एवं खाद्य सुरक्षा का सामाजिक-आर्थिक विश्लेषण" Iconic Research And Engineering Journals, vol. 8, no. 10, Apr. 2025. Crossref, https://doi.org/10.64388/IREV8I10-1718239
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